........................................................................................................ शनि, कालसर्प, मंगलदोष, पितृदोष एक झटके में खत्म, बस शर्त ये हैं साधक, अनुष्ठान, जप के बाद भी नियमित मंत्र जप करते रहें। शत्रु नाशक मंत्र : शत्रु नाशक काली मंत्र प्रयोग विधि और कवच श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्मयै नम आध्यात्मिक https://vashikaran-expert14604.blogdigy.com/the-definitive-guide-to-dushman-shanti-61946571